PANIPAT AAJKAL : प्रसिद्ध शिक्षाविद् एवं चेतना स्कूल्स शृंखला के प्रेरक संस्थापक दीप चंद्र निर्मोही ने हाल ही में माता सीता रानी सेवा संस्था द्वारा संचालित निर्मला देशपांडे संस्थान के हाली अपना स्कूल में एक प्रेरणादायी कार्यक्रम में भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने शिक्षा के महत्व पर गहन विचार व्यक्त किए और संस्थान की सराहना की।
कार्यक्रम के दौरान दीप चंद्र निर्मोही ने कहा कि शिक्षा का अधिकार एक प्राकृतिक अधिकार है। उन्होंने विद्यार्थी जीवन में सफलता के लिए आवश्यक सूत्र बताते हुए कहा, "कड़ी मेहनत, दूरदृष्टि, पक्का इरादा और अनुशासन ही वे बड़े सूत्र हैं जो हर बच्चे को जीवन में ऊँचाइयों तक पहुँचा सकते हैं।" उन्होंने हाली अपना स्कूल को शिक्षा का एक अद्भुत प्रयोग बताया और इसे महात्मा गांधी तथा रवींद्रनाथ टैगोर की नई तालीम का प्रायोगिक केंद्र करार दिया। निर्मोही ने बताया कि यह स्कूल गरीब एवं वंचित बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने का अनूठा माध्यम बन चुका है।
उन्होंने यह भी जानकारी दी कि निर्मला देशपांडे संस्थान में शीघ्र ही महिला सिलाई-कटाई प्रशिक्षण केंद्र शुरू किया जाएगा। यह केंद्र महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने और उनके सशक्तिकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
स्कूल की प्रधानाचार्या पूजा सैनी ने दीप चंद्र निर्मोही का हार्दिक स्वागत किया। उन्होंने संस्थान की पृष्ठभूमि, गतिविधियों और हाली अपना स्कूल के उद्देश्यों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। कार्यक्रम का संचालन छात्रा न्यायिका भारती ने कुशलतापूर्वक किया।
कार्यक्रम की शुरुआत सर्वधर्म प्रार्थना से हुई, जिसमें विभिन्न धर्मों की प्रार्थनाएँ सम्मिलित रूप से की गईं। इसके बाद बच्चों ने शिक्षा को समर्पित भावपूर्ण गीत प्रस्तुत किए, जिन्होंने सभी उपस्थितजनों को गहन प्रभावित किया।
वरिष्ठ एडवोकेट एवम संस्थान के निदेशक राम मोहन राय ने बताया कि यह कार्यक्रम शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में संस्थान की निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाता है। माता सीता रानी सेवा संस्था और निर्मला देशपांडे संस्थान के प्रयासों से पानीपत क्षेत्र में सैकड़ों बच्चों और महिलाओं का जीवन बेहतर दिशा में बदल रहा है। निर्मोही जैसे प्रेरक व्यक्तित्वों का आगमन ऐसे प्रयासों को नई ऊर्जा प्रदान करता है।
संस्थान के पदाधिकारी एवं शिक्षकगण सर्व मधु यादव, रोज़ी चावला, सोनिया गर्ग, कंचन डावर ने इस अवसर पर सभी अतिथियों और बच्चों का आभार व्यक्त किया तथा भविष्य में ऐसे कार्यक्रमों को जारी रखने का संकल्प लिया।